चूत को प्यार की भूख थी -3

xxx hindi story, savita bhabhi:  हम दोनों बाथरूम में साथ में थे मैं रोहन के साथ बाथरूम में थी तो मैंने जैसे ही शावर को खोला तो मेरे बदन पर पानी की बूंदे पड़ने लगी। रोहन मेरे बदन को अपने हाथों से सहलाने लगे जब उनका हाथ मेरे बदन पर लग रहा था तो मुझे अच्छा लग रहा था और मेरे अंदर एक अलग ही गर्मी पैदा हो रही थी। जब रोहन ने मेरे स्तनों को दबाना शुरू किया तो मुझे अब अच्छा लगने लगा था और रोहन को भी मजा आने लगा। रोहन मेरे लिए बहुत ज्यादा तड़पने लगे थे रोहन ने मेरी चूत पर अपनी उंगली को लगाया। वह अपनी उंगली को अंदर बाहर करने लगे रोहन ने अपनी उंगली को अंदर डाला ही था कि मेरी चूत का पानी बाहर की तरफ को निकलने लगा था और मेरे मुंह से सिसकारियां निकलने लगी।

मैंने अपने पैरों को आपस में मिला लिया रोहन ने मेरे होठों को छू लिया और मेरे बदन पर शावर से पानी गिर रहा था। जब मेरे बदन पर पानी गिर रहा था तो मेरा बदन पूरी तरीके से गिला होने लगा था रोहन ने मेरी चूत के पानी को बाहर निकाल दिया था मेरे पैरों में कमजोरी महसूस होने लगी थी। मुझे लगने लगा था। मैंने रोहन के लंड को अपने मुंह में लिया जैसे ही मैंने उनके लंड को अपने मुंह में लिया तो रोहन मेरे मुंह के अंदर लंड को डालने लगे रोहन जब मेरे मुंह के अंदर अपने लंड को अदर बाहर कर रहे थे तो मुझे बड़ा अच्छा लग रहा था। मैंने रोहन के लंड को चूसना शुरू कर दिया था मैं रोहन के लंड को अपने मुंह में लेकर अच्छे से चूस रही थी। मुझे बड़ा आनंद आ रहा था जब मैं रोहन के लंड को अपने मुंह में लेकर चूस रही थी तो मेरे अंदर की आग बढ़ती ही जा रही थी। मेरे अंदर की आग अब इस कदर बढ़ चुकी थी कि मैंने रोहन को कहा हम लोगों को बेडरूम में चलना चाहिए। रोहन तो बाथरूम में ही मेरे साथ मजा लेना चाहते थे रोहन ने मुझे कस कर पकड़ लिया। रोहन का लंड मेरी गांड के बीच में लगने लगा था रोहन का लंड मेरी गांड की दरार के बीच में लग रहा था तो मेरी चूत से पानी बहुत ज्यादा बाहर की तरफ को निकलने लगा था।

जब रोहन का लंड मेरी चूत पर लग रहा था तो मुझे अच्छा लग रहा था। मेरी चूत से कुछ ज्यादा ही अधिक मात्रा में पानी बाहर निकलने लगा था। रोहन ने मेरी चूत पर अपनी जीभ को लगा दिया। मैंने शावर को बंद कर दिया था मेरी चूत से पानी निकलने लगा था और कुछ देर तक रोहन ने मेरी चूत को ऐसे ही चाटा और मेरी चूत को चाट कर पूरा चिकना बना दिया। रोहन अपने लंड को मेरी चूत पर रगडना शुरू किया रोहन की छाती मेरे स्तनो से टक्कराने लगी। हम दोनों की छाती आपस में टकरा रही थी जब मेरे स्तनों उनकी छाती से टकरा रहे थे तो वह मुझे अपनी बाहों में कसकर पकड़ने लगे। मैं रह भी नहीं पा रही थी हम दोनों बेडरूम में आ गए और हम लोग जब बेडरूम में आए तो रोहन ने मेरे बदन के पानी को साफ कर लिया था। मैंने रोहन को कहा मैं नाइटी को पहन लेते हूं। रोहन कहने लगे ठीक है भाभी यह कहते ही मैं जब अपनी नाइटी को पहनने लगी तो रोहन मेरी तरफ देख रहे थे। अब मैं अपनी पिंक नाइटी पहने हुए खड़ी थी मैं अपने आपको शीशे में देखा तो मैं बड़ी हॉट लग रही थी। मैं और रोहन एक साथ बिस्तर पर लेटे हुए थे। जब हम लोग बिस्तर पर लेटे थे तो मुझे अच्छा लग रहा था और रोहन को भी बड़ा मजा आ रहा था। जब रोहन मेरे होठों को चूमने लगे तो रोहन ने मुझे अपनी बाहों में समाया और मैने जब रोहन के बदन को महसूस करना शुरू कर दिया तो मुझे अच्छा लगने लगा। रोहन ने अपने मोटे लंड को हिलाना शुरू किया जब रोहन ने अपने मोटे लंड को हिलाना शुरू किया तो मुझे अच्छा लगने लगा और मेरे अंदर की आग बढ़ने लगी थी। मेरे अंदर की आग अब इस कदर बढ़ चुकी थी कि मैं बिल्कुल भी रह नहीं पा रही थी और ना ही रोहन रह पा रहे थे। रोहन के लंड से मैंने पूरी तरीके से पानी निकाल दिया था मैंने रोहन के सामने अपनी नाइटी को उतार दिया और मैं अपने नंगे बदन को देखकर बड़ी खुशी हो रही थी। रोहन ने मेरे स्तनों पर हाथ लगाया जब रोहन ने मेरे स्तनों पर हाथ लगाया तो मुझे बहुत ही अच्छा लगा और मेरे अंदर अब करंट दौड़ने लगा था। रोहन ने मेरी चूत को चाटा। जब रोहन मेरी चूत को चाट रहे थे तो मै रोहन के बालों को खींचने लगी।

मै उनके बालों को जब खींच रही थी तो मुझे बहुत अच्छा लग रहा था और मेरे अंदर की गर्मी बढ़ती ही जा रही थी। मेरे अंदर की गर्मी इस कदर बढ़ चुकी थी कि मैं रह नहीं पा रही थी। रोहन भी बिल्कुल रह नहीं पा रहे थे रोहन ने मेरी चूत पर अपने ल को लगाया। रोहन ने मेरी चूत पर अपनी जीभ को लगाने के बाद मेरी योनि को अपनी उंगली से खोल लिया जिससे कि मेरी चूत खुल चुकी थी और मेरी चूत से पानी निकल रहा था। मैंने रोहन के लंड को अपनी चूत में लेने की बात कहीं तो रोहन ने भी मुझे बड़ी जोर से धक्का दिया। उनका लंड जैसे मेरी चूत के अंदर घुसा तो मुझे बड़ा अच्छा लगा। रोहन का लंड मेरी चूत के अंदर से घुस चुका था और मुझे बड़ा मजा आ रहा था। जब मैं रोहन का साथ दे रही थी तो उनका लंड मेरी चूत में जाते ही मैं जोर से चिल्लाई और रोहन मुझे कहने लगे आज तो मजा ही आ गया। यह कहते हुए रोहन ने मेरे दोनों पैरो को आपस में मिला लिया और मेरी चूतडो पर बड़ी तेज गति से प्रहार करने लगे। रोहन जिस तरह से मेरी चूतड़ों पर प्रहार कर रहे थे तो उससे मुझे मजा आने लगा था और रोहन को भी बड़ा मजा आ रहा था।

मेरे अंदर की गर्मी बढ़ती ही जा रही थी मेरे अंदर की गर्मी इतनी ज्यादा बढ़ चुकी थी कि मैं बिल्कुल भी रह नहीं पा रही थी और रोहन से मैंने कहा कि मैं तुम्हारा साथ ज्यादा देर तक नहीं दे पाऊंगी। रोहन कहने लगे कोई बात नहीं भाभी लेकिन आज आपकी टाइट चूत मारकर मजा आ गया। यह सब रामू दरवाजे से खड़े होकर देख रहा था रोहन मुझे चोदते ही जा रहे थे। मैंने अपने हाथ से इशारा करते हुए कहां रामू को जाने के लिए कहा तो वह वहां से चला गया। रोहन मुझे अच्छी तरीके से चोद रहे थे लेकिन जैसे ही रोहन ने माल को मेरे स्तनों पर गिराया तो मैने रोहन के माल को अपने स्तनों पर अपने हाथ से फैला दिया जिससे कि मुझे बडी खुशी हुई। हम दोनो एक साथ कुछ देर तक लेटे रहे मैने अपने कपड़े पहने तो रोहन वहां से जाने लगे रोहन ने मुझे कहा भाभी आप संजना से दूर ही रहा कीजिए। मैंने उनको कहा ठीक है मैं संजना से दूर रहूंगी और मैं संजना से दूर रहती लेकिन रोहन मेरी हर जरूरतों को पूरा कर दिया करते क्योंकि वह हमारे पड़ोस में ही रहते थे इसलिए मैं जब भी रोहन को घर पर बुलाती तो वह तुरंत आ जाते थे। रामू तो मेरे पास था ही मैं अपनी जिंदगी को अच्छे तरीके से जी रही थी मुझे बड़ा अच्छा लग रहा था कि मैं अपनी जिंदगी को अब अच्छे से जी पा रही हूं। मेरे पति की कमी मुझे कभी महसूस होती ही नहीं थी वह मुझे कभी भी पूरी तरीके से संतुष्ट नहीं कर पाते थे। अब रोहन और रामू मेरी जिंदगी में आ चुके थे इसलिए मैं बहुत ज्यादा खुश थी और वह मेरी हर एक जरूरत को पूरा कर दिया करते इसलिए मुझे मेरे पति के साथ सेक्स करना अच्छा नहीं लगता था। मैं रोहन के साथ हमेशा सेक्स करने के लिया तैयार रहती थी लेकिन जब भी रामू और रोहन मुझे चोदा करते तो मुझे बहुत अच्छा लगता। रामू और रोहन के लंड को अपनी चूत में लेने में मुझे बहुत ही अच्छा महसूस होता और वह दोनो हमेशा मेरी ही इच्छा पूरी कर दिया करते।